HISTORY ( इतिहास )

झांसी का किला

झांसी का किला :- वीरांगना लक्ष्मीबाई के साहस का प्रतीक ​विस्तृत जानकारी (Detailed History) झांसी के किले का निर्माण 1613 ईस्वी में ओरछा के राजा बीर सिंह देव ने करवाया था। यह किला बंगरा नामक पहाड़ी पर स्थित है। यह ऐतिहासिक स्थल 1857 के प्रथम स्वतंत्रता संग्राम का मुख्य केंद्र था, जहाँ रानी लक्ष्मीबाई ने […]

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ग्वालियर का किला

ग्वालियर का किला :- ‘हिंद के किलों का मोती’ ​विस्तृत जानकारी (Detailed History) मध्य प्रदेश के ग्वालियर में स्थित इस किले को “जिब्राल्टर ऑफ इंडिया” कहा जाता है। इसका निर्माण 8वीं शताब्दी में राजा सूरज सेन ने करवाया था। सदियों तक यह किला पाल, प्रतिहार, तोमर, लोधी और सिंधिया राजवंशों के अधीन रहा। यहाँ की

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चित्तौड़गढ़ का किला

चित्तौड़गढ़ का किला :- त्याग और बलिदान की महान गाथा ​विस्तृत जानकारी (Detailed History) राजस्थान के चित्तौड़गढ़ में स्थित यह किला भारत के सबसे विशाल किलों में से एक है। यह 7वीं शताब्दी में मौर्य शासकों द्वारा बनवाया गया था और बाद में यह मेवाड़ के गौरवशाली सिसोदिया राजपूतों की राजधानी रहा। यह किला रानी

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जैसलमेर किला

जैसलमेर किला :- राजस्थान का स्वर्ण मुकुट और जीवित विरासत ​विस्तृत जानकारी (Detailed History) जैसलमेर का किला दुनिया के उन गिने-चुने किलों में से एक है जिसे ‘लीविंग फोर्ट‘ कहा जाता है, क्योंकि आज भी शहर की एक बड़ी आबादी इसके अंदर निवास करती है। इस भव्य दुर्ग का निर्माण 1156 ईस्वी में भाटी राजपूत

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मेहरानगढ़ किला

मेहरानगढ़ किला :- जोधपुर की विशालता और शौर्य का प्रतीक विस्तृत जानकारी (Detailed History) :- राजस्थान के जोधपुर शहर में स्थित मेहरानगढ़ किला भारत के सबसे विशाल और भव्य किलों में से एक है। इस अजेय दुर्ग की नींव 12 मई 1459 को राव जोधा द्वारा रखी गई थी। यह किला शहर से 410 फीट

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चित्तौड़गढ़ किला

चित्तौड़गढ़ किला :- बलिदान, जौहर और अदम्य साहस की गाथा ​विस्तृत जानकारी (Detailed History) चित्तौड़गढ़ का किला न केवल राजस्थान का, बल्कि भारत का सबसे विशाल और महत्वपूर्ण दुर्ग है। 7वीं शताब्दी में मौर्य वंश के शासक चित्रांगद मोरी द्वारा निर्मित यह किला बेड़च नदी के किनारे एक विशाल पहाड़ी पर फैला हुआ है। यह

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कुंभलगढ़ किला

कुंभलगढ़ किला :- मेवाड़ की अभेद्य ढाल और महाराणा प्रताप की जन्मस्थली ​विस्तृत जानकारी (Detailed History) उदयपुर से लगभग 82 किमी दूर राजसमंद जिले में स्थित कुंभलगढ़ किला मेवाड़ के सबसे महत्वपूर्ण किलों में से एक है। इसका निर्माण 15वीं शताब्दी (1443-1458) में महान शासक महाराणा कुंभा द्वारा प्रसिद्ध वास्तुकार ‘मंडन‘ की देखरेख में करवाया

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स्वर्ण मंदिर, अमृतसर ( पंजाब )

स्वर्ण मंदिर (हरमंदिर साहिब) :- शांति और अध्यात्म का केंद्र ​विस्तृत जानकारी (Detailed History) पंजाब के अमृतसर में स्थित श्री हरमंदिर साहिब, जिसे ‘स्वर्ण मंदिर‘ के नाम से जाना जाता है, सिखों का सबसे पवित्र धार्मिक स्थल है। इसकी नींव 1581 में चौथे सिख गुरु, गुरु रामदास जी ने रखी थी और इसे पाँचवें गुरु,

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श्री दिगम्बर जैन मंदिर, सकीट (एटा)

श्री दिगम्बर जैन मंदिर, सकीट (एटा) :- एक आध्यात्मिक और ऐतिहासिक धरोहर उत्तर प्रदेश के एटा जिले में स्थित ‘सकीट‘ एक अत्यंत प्राचीन और ऐतिहासिक कस्बा है। यहाँ का श्री दिगम्बर जैन मंदिर न केवल जैन समुदाय की आस्था का केंद्र है, बल्कि अपनी वास्तुकला और शांतिपूर्ण वातावरण के लिए भी जाना जाता है। ​विस्तृत

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नवीन उप मंडी स्थल कुरावली

नवीन उप मंडी स्थल कुरावली :- विकास और विरासत ​विस्तृत जानकारी (Detailed History) ​कुरावली क्षेत्र ऐतिहासिक रूप से कृषि प्रधान रहा है। पहले यहाँ के किसान अपनी उपज बेचने के लिए मैनपुरी की मुख्य मंडी या स्थानीय छोटे ‘हाट-बाज़ारों’ पर निर्भर थे। बिचौलियों के बढ़ते प्रभाव और किसानों को फसल का उचित मूल्य दिलाने के

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